मेरा भारत महान
(MY GREAT COUNTRY
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“हम एक ऐसे देश में रहते है जहा अनेकता में एकता है। हमें अपने देश पे गर्व है। “
क्यों बांटते हो मेरे देश को तुम धर्मो में,
क्या एक बार बांट कर तुम्हे सुकूं ना मिला।
कभी धर्मवाद फिर जातिवाद में,
बंटता ही जाएगा हर गांव-जिला।
इलज़ाम लगते हैं एक तबके पर,
कि वे देश का संविधान नहीं मानते।
फिर तुम क्यों हर वक्त हर वाक्य में,
धर्म निष्पक्षता से दूर हो भागते।
यह भी तो संविधान का एक हिस्सा है,
मगर जिसकी मनोभावना में नहीं सुनवाई।
ये नेताओं की भाषणबाजी का शिकार मत बनो,
इनकी राजनीति में सदा बेकसूरों ने जान गवाई।
एक ओर हिंदुत्व की आड़ में दंगे होते,
तो दूजे ने जिहाद का थामा दामन।
छोड़ कर सारी सामाजिक कुरीतियों को,
कर दो एक बार फिर इस मिट्टी को पावन।
उठो, जागो और बढ़ो तुम आगे,
हर दिशा में लाओ बदलाव के प्रारूप।
आधुनिकता की छांव से बाहर निकलकर,
वापस डालो जीवन में संस्कारों की धूप।
संस्कृति के महत्व को मत भूलो,
जिसे शायद कहीं खो बैठा है हर इंसान।
जिस दिन जीवन में संस्कृति को अपना लिया,
फिर हर धर्म के साथ बनेगा मेरा भारत महान।।
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Founder & Lead Writer at A New Thinking Era
Reena Singh
Reena Singh is the founder of A New Thinking Era — a motivational writer who shares self-help insights, success habits, and positive stories to inspire everyday growth.
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Bahut Acha sandesh hai